समझ में कुछ नहीं आए मुझे वापस है क्या देना
मिला जो प्यार मुझको उसके बदले में, ...बता देना!
हैं मेरे पास तो धोख़े हज़ारों किस्म के फिर भी
बना है सिलसिला अब तक मेरा लेना तेरा देना
बुझाने के लिए मुद्दत की मेरी तिश्नगी है तो
जलाना है अगर कुछ तो ग़मे फ़ुर्क़त जला देना
निकल आएगी ही सूरत कोई उस तक पहुँचने की
अरे ओ दिलनशीं! ख़ुद के ज़रा दिल का पता देना
किसी ग़ाफ़िल को गरचे इश्क़ फ़र्माए कोई तो क्यूँ
बहुत आसान है आसान यह जुम्ला सुना देना
मिला जो प्यार मुझको उसके बदले में, ...बता देना!
हैं मेरे पास तो धोख़े हज़ारों किस्म के फिर भी
बना है सिलसिला अब तक मेरा लेना तेरा देना
बुझाने के लिए मुद्दत की मेरी तिश्नगी है तो
जलाना है अगर कुछ तो ग़मे फ़ुर्क़त जला देना
निकल आएगी ही सूरत कोई उस तक पहुँचने की
अरे ओ दिलनशीं! ख़ुद के ज़रा दिल का पता देना
किसी ग़ाफ़िल को गरचे इश्क़ फ़र्माए कोई तो क्यूँ
बहुत आसान है आसान यह जुम्ला सुना देना
-‘ग़ाफ़िल’