नमन् दोस्तो!
हमारे हाथ जले उन ही दीयों से 'ग़ाफ़िल'
जिन्हें हवा के थपेड़ों से हम बचाए हैं
-'ग़ाफ़िल'
वाह | ब्लॉग पर पुन: वापसी पर स्वागत |
आपकी लिखी रचना ब्लॉग "पांच लिंकों का आनन्द" बुधवार 5 अगस्त 2026 को साझा की गयी है......... पाँच लिंकों का आनन्द पर आप भी आइएगा....धन्यवाद!
सावधानी हटी, दुर्घटना घटी
वाह | ब्लॉग पर पुन: वापसी पर स्वागत |
ReplyDeleteआपकी लिखी रचना ब्लॉग "पांच लिंकों का आनन्द" बुधवार 5 अगस्त 2026 को साझा की गयी है......... पाँच लिंकों का आनन्द पर आप भी आइएगा....धन्यवाद!
ReplyDeleteसावधानी हटी, दुर्घटना घटी
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